न्यूज डेस्क। INDIA गठबंधन के भीतर मतभेद एक बार फिर खुलकर सामने आ गए हैं। केरल के पूर्व मुख्यमंत्री और CPI(M) नेता पिनराई विजयन ने कांग्रेस सांसद राहुल गांधी पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि उनका राजनीतिक रवैया विपक्षी गठबंधन को मजबूत नहीं करता, बल्कि अंततः BJP को फायदा पहुंचाता है। विवाद की शुरुआत राहुल गांधी की उस कथित टिप्पणी से हुई, जिसमें उन्होंने राजनीतिक मतभेदों का हवाला देते हुए कहा था कि वह विजयन को गले नहीं लगा सकते। इस बयान के बाद वामपंथी खेमे ने खुलकर नाराजगी जताई और अब मामला INDIA ब्लॉक की एकजुटता पर सवाल खड़े करने लगा है।
‘मोदी को गले लगाया, मुझे नहीं’ कहकर विजयन का पलटवार
पिनराई विजयन ने राहुल गांधी की टिप्पणी पर जवाब देते हुए तंज कसा कि देश ने राहुल गांधी को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को गले लगाते हुए देखा है। उन्होंने कहा कि उनका विरोध गले लगाने की घटना से नहीं, बल्कि उसके पीछे के राजनीतिक संदेश से है। विजयन के मुताबिक राहुल गांधी का यह रवैया दिखाता है कि वह INDIA गठबंधन को किस नजर से देखते हैं। उन्होंने दावा किया कि गठबंधन की बैठकों में सिर्फ CPI(M) ही नहीं, बल्कि समाजवादी पार्टी के नेता अखिलेश यादव और आरजेडी नेता तेजस्वी यादव समेत कई गैर-कांग्रेसी दलों ने भी कांग्रेस के रुख पर आपत्ति जताई थी।
‘राहुल का तरीका BJP को फायदा पहुंचाता है’
विजयन ने आरोप लगाया कि मौजूदा राजनीतिक स्थिति के लिए काफी हद तक कांग्रेस और खास तौर पर राहुल गांधी का रवैया जिम्मेदार है। उन्होंने कहा कि विपक्षी दलों के बीच भरोसा मजबूत करने के बजाय राहुल गांधी ऐसे हालात पैदा कर रहे हैं, जिससे BJP को राजनीतिक लाभ मिलता है। विजयन ने कहा कि उन्होंने पहले भी यह बात कही है कि कांग्रेस की कार्यशैली INDIA गठबंधन को मजबूती देने के बजाय उसके भीतर अविश्वास बढ़ाती है। उनके मुताबिक अगर सहयोगी दलों पर लगातार सवाल उठाए जाएंगे तो इसका सीधा फायदा सत्तारूढ़ BJP को मिलेगा।
CPI(M) महासचिव ने भी जताई नाराजगी
विवाद सिर्फ विजयन तक सीमित नहीं रहा। CPI(M) के महासचिव M. A. Baby ने कांग्रेस अध्यक्ष Mallikarjun Kharge को पत्र लिखकर राहुल गांधी की टिप्पणी पर आपत्ति दर्ज कराई। उन्होंने कहा कि गले लगाना किसी पर थोपा नहीं जा सकता, यह स्वाभाविक सद्भावना का प्रतीक होता है। बेबी ने यह भी आरोप लगाया कि कई ऐसे मौकों पर, जब विपक्षी नेताओं को केंद्रीय एजेंसियों के मामलों में राहत मिली, राहुल गांधी ने खुलकर समर्थन नहीं दिया। उनके बयान को INDIA गठबंधन के भीतर बढ़ती नाराजगी के संकेत के तौर पर देखा जा रहा है।
गठबंधन की एकता पर उठे नए सवाल
राज्यसभा सांसद John Brittas ने भी इस विवाद में हस्तक्षेप करते हुए कहा कि राहुल गांधी के बयान में विरोधाभास दिखाई देता है। उन्होंने कहा कि एक ओर राहुल विपक्षी एकता की बात करते हैं, वहीं दूसरी ओर केरल में वाम दलों के खिलाफ राजनीतिक लड़ाई जारी रखने की बात भी करते हैं। ब्रिटास ने यह भी कहा कि यदि INDIA गठबंधन का कोई घटक दल दूसरे सहयोगी पर BJP से सांठगांठ का आरोप लगाता है तो इससे पूरे गठबंधन की विश्वसनीयता कमजोर होती है। ऐसे में यह विवाद सिर्फ एक बयान तक सीमित नहीं रह गया, बल्कि INDIA ब्लॉक की अंदरूनी राजनीति और नेतृत्व को लेकर नई बहस छेड़ गया है।
